Beauty Shayari

Beauty Shayari

हुस्न वालों को संवरने की क्या जरूरत है, वो तो सादगी में भी क़यामत की अदा रखते हैं।

ये होंठ उसके किताबों में लिखी तहरीरों जैसे, ऊँगली रखो तो आगे पढ़ने को जी करता है।

घनी ज़ुल्फों के साये में चमकता चाँद सा चेहरा, तुझे देखूं तो कुछ रातें सुहानी याद आती हैं।

उनके हुस्न का आलम न पूछिये, बस तस्वीर हो गया हूँ, तस्वीर देखकर।

रोज इक ताज़ा शेर कहाँ तक लिखूं तेरे लिए, तुझमें तो रोज ही एक नई बात हुआ करती है।

वो कहते हैं हम उनकी झूठी तारीफ़ करते हैं, ऐ ख़ुदा एक दिन आईने को भी ज़ुबान दे दे।

वो सुर्ख होंठ और उनपर जालिम अंगड़ाईयाँ, तू ही बता… ये दिल मरता ना तो क्या करता।

हमारा क़त्ल करने की उनकी साजिश तो देखो, गुजरे जब करीब से तो चेहरे से पर्दा हटा लिया।

Beauty Shayari (2022) In Hindi, English 2 Lines

Beauty Shayari (2022) In Hindi, English 2 Lines